वो सुबह 5:20 बजे की बात है, जब Kedarnath से Guptkashi की ओर उड़ान भरने वाली Aryan Aviation की Bell 407 हेलिकॉप्टर टेकऑफ के तुरंत बाद गौरीकुंड के पास दुर्घटनाग्रस्त हो गई। इस हादसे में सभी 7 लोग — एक पायलट सहित 5 तीर्थयात्री तथा एक दो साल का बच्चा — मौके पर ही जान गंवा बैठे
मौसम की अचानक बिगड़ती स्थिति, शून्य दृश्यता और दरकती रोशनी के बीच यह चॉपर पहाड़ी इलाकों में नियंत्रण खो बैठा, जैसा कि जवान गहन बादल और धुंध के बीच टेकऑफ़ के समय देखा गया था ।
तुरंत उठाए गए कदम:

- हेलीकॉप्टर सेवाएँ 15 और 16 जून के लिए तत्काल स्थगित कर दी गईं।
- AAIB व DGCA की संयुक्त जांच नेजारी की जा रही है ।
राजनीतिक प्रतिक्रिया और सुरक्षा आलोचना:
- झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री इरफ़ान अंसारी ने Union Civil Aviation मंत्री की отसर्ती तक की मांग की, कहते हुए कि single-engine हेलीकॉप्टरों पर पूरी तरह बंदिश लगानी चाहिए ।
- उन्हें लगा कि दुर्गम इलाके में सुरक्षा की जिम्मेदारी को हल्के में लिया जा रहा है, और दोगुने इंजन वाले हेलीकॉप्टर ही इस्तेमाल में आने चाहिए
मुख्यमंत्री और पीएम की प्रतिक्रिया:
- CM पुष्कर सिंह धामी ने राज्य स्तरीय उच्चस्तरीय मीटिंग बुलाई, SOP पैनल गठित किया और चॉपर सेवाओं की समीक्षा का निर्देश दिया ।
- PM मोदी ने विदेश दौरे के दौरान दुर्घटना की जानकारी ली और जांच त्वरित होने की बात कही
सन्दर्भ और चिंताएँ:
- यह महालय यात्रा सीजन की पांचवीं हेलिकॉप्टर दुर्घटना है (30 अप्रैल से केदारनाथ यात्रा की शुरुआत के बाद) ।
- पिछले वीकेंड में Ahmedabad AI‑171 विमान हादसा जैसी त्रासदी के बाद यह सुरक्षा की अनिश्चितता को और गहराता दिख रहा है ।
- ATC, रडार, सटीक मौसम जानकारी की कमी इस खतरे को और बड़ा बना रही है ।
निष्कर्ष:
केदारनाथ हेलीकॉप्टर क्रैश एक एहतियात न बरतने की नाजुक जंग का नतीजा है, जो पाँचवी त्रासदी बन गया है इस याने में। मौसम, terrain और निगरानी की कमी सरकारी संस्थाओं और ऑपरेटरों पर सवाल खड़े कर रही है। आने वाले दिन सुरक्षा में सुधार और नई नीतियों पर कार्यवाही के लिए निर्णायक होंगे।
हमारी संवेदनाएँ उन परिवारों के साथ हैं जिन्होंने अपनी जान गंवाई, और हम डीपीसी के तकनीकी दलों से अपील करते हैं कि वे जल्द से जल्द यात्रा की सेच्योरिटी सुनिश्चित करें।
🙏 हमारा प्रार्थना है कि जो दिवंगत आत्माएँ हैं, उन्हें शांति मिले और सरकार व प्रशासन जल्द कठोर कदम उठाए।






