देशभर के 9 करोड़ किसानों को पीएम किसान योजना की 21वीं किस्त के रूप में ₹2,000 की राशि उनके बैंक खातों में भेजी गई।
यह भुगतान 19 नवंबर 2025 को DBT माध्यम से पूरी पारदर्शिता के साथ जारी किया गया।
किसानों को अगली किस्त के लिए e-KYC, आधार लिंकिंग और भूमि रिकॉर्ड अपडेट रखना जरूरी है।
हाइलाइट्स
- Pradhan Mantri Kisan Samman Nidhi (PM‑KISAN) योजना की 21वीं किस्त देशभर के पात्र किसान लाभार्थियों के खातों में ₹2,000 का भुगतान 19 नवंबर 2025 को किया गया।
- इस किस्त के अंतर्गत लगभग 9 करोड़ किसानों को ₹18,000 करोड़ रुपये से अधिक का भुगतान किया गया।
- योजना की शुरुआत 24 फरवरी 2019 को हुई थी। अब तक 20 किस्तों में 11 करोड़ से अधिक किसान परिवारों को ₹3.70 लाख करोड़ से अधिक राशि हस्तांतरित की जा चुकी है।
- लाभ उठाने के लिए किसानों को अपने बैंक खाते को आधार-Aadhaar से जोड़ना, भूमि विवरण पोर्टल में अंकित करना और e-KYC पूरा करना अनिवार्य है।
भारत सरकार द्वारा संचालित पीएम-किसान योजना देश में छोटे व सीमांत किसानों को प्रति वर्ष वित्तीय सहायता देने का एक महत्वपूर्ण माध्यम है। इस योजना के तहत पात्र किसान परिवारों को प्रति वर्ष ₹6,000 की सहायता तीन बराबर किस्तों (प्रति किस्त ₹2,000) में दी जाती है। इस सहायता का उद्देश्य किसानों को वर्ष भर की खेती संबंधी खर्च, कृषि सामग्री, बीज-उर्वरक, अन्य जीवन चालू खर्चों में मदद करना है।
19 नवंबर 2025 को जारी 21वीं किस्त इस योजना का नवीनतम चरण है, जो एक बार फिर किसान-कल्याण की दिशा में सरकार की सक्रियता को दर्शाती है।
21वीं किस्त का विवरण

- तारीख व कार्यक्रम: इस किस्त को Narendra Modi प्रधानमंत्री ने तमिलनाडु के कोयंबटूर (Coimbatore) से जारी किया।
- राशि एवं लाभार्थी संख्या: लगभग 9 करोड़ किसानों को सीधे बैंक खाते में ₹18,000 करोड़ से अधिक का भुगतान किया गया।
- प्रक्रिया: यह राशि सीधे लाभार्थी के बैंक खाते में DBT (Direct Benefit Transfer) के माध्यम से ट्रांसफर की गई।
- डिजिटल व सत्यापन पहल: योजना के संचालन में डिजिटल एप्लिकेशन, पोर्टल (pmkisan.gov.in), e-KYC विकल्प (OTP, बायोमेट्रिक, फेस ऑथेंटिकेशन) को शामिल किया गया है ताकि प्रक्रिया सरल, पारदर्शी और भ्रष्टाचार-रहित हो सके।
लाभार्था किसानों के लिए गाइड: कैसे चेक करें स्थिति
- पोर्टल पर जाएँ: https://pmkisan.gov.in → “Farmers Corner” → “Know Your Status”
- अपने पंजीकरण संख्या, आधार संख्या या बैंक खाता संख्या दर्ज करें और कैप्चा हल करें।
- अगर भुगतान नहीं हुआ है, तो कारण जानने हेतु:
- आपका बैंक खाता आधार से लिंक है या नहीं
- भूमि विवरण पोर्टल में अंकित है या नहीं
- e-KYC पूरा हुआ है या नहीं।
चुनौतियाँ एवं सुझाव
- कुछ किसानों को अभी तक किसान-आईडी या e-KYC पूरी नहीं होने के कारण इस किस्त का लाभ नहीं मिल पाया है। उदाहरण के लिए, उत्तर प्रदेश के कई किसानों के खाते में अभी तक राशि नहीं आई है।
- सुझाव: अगर आप अभी तक लाभार्थी नहीं बने हैं, तो जल्द से जल्द अपने नजदीकी CSC केंद्र पर जाकर पंजीकरण, आधार-लिंकिंग और e-KYC पूरा करें।
- यह भी ध्यान रखें कि भूमि रिकॉर्ड पोर्टल में सही व अपडेटेड होनी चाहिए — इससे प्रक्रिया में देरी नहीं होगी।
किसान-कल्याण एवं आगे की दिशा
इस किस्त के साथ यह स्पष्ट होता है कि सरकार किसानों को नियमित वित्तीय सहायता देकर उनकी आय-सुरक्षा सुनिश्चित करने का प्रयास कर रही है। इसके साथ ही, प्रधानमंत्री ने इस अवसर पर प्राकृतिक व जैव-खेती (Natural Farming / Organic Farming) पर विशेष जोर दिया है, “एक एकड़, एक मौसम” के कार्यक्रम के माध्यम से।
ऐसे प्रयास यह संकेत देते हैं कि भविष्य में सिर्फ वित्तीय सहायता ही नहीं, बल्कि खेती की आधुनिक तकनीक, जैविक तरीके, बाजार से जुड़ी सुविधाएँ और किसान-उत्पादन क्षमता को बढ़ावा देने पर फोकस रहेगा।
निष्कर्ष
पीएम-किसान योजना की 21वीं किस्त का समयबद्ध जारी होना किसानों के लिए सकारात्मक संदेश है — यह संकेत है कि कृषि-कल्याण को प्राथमिकता दी जा रही है। वहीं, किसानों को यही मौका है कि वे अपनी पात्रता, पंजीकरण व दस्तावेजों को तुरंत अपडेट करें ताकि अगले किस्तों में किसी प्रकार की बाधा न आए।
यदि आप (या आपके जान-पहचान के किसान) अभी तक इस योजना का लाभ नहीं ले पाए हैं, तो यह समय है कि वे अपने आवेदन की स्थिति चेक करें और आवश्यक सुधार करें — क्योंकि सही जानकारी व समय पर कार्रवाई से लाभ सुनिश्चित होगा।
अगर आप चाहें, तो मैं आपके राज्य (उदाहरण-स्वरूप उत्तर प्रदेश या उत्तराखंड) में इस किस्त की राज्य-वार आंकड़ों के साथ विश्लेषण तैयार कर सकता हूँ — क्या करना चाहेंगे?
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